श्री कुबेर चालीसा हिन्दी में ॥ दोहा ॥ जैसे अटल हिमालय, और जैसे अडिग सुमेर । ऐसे ही स्वर्ग द्वार पे, अविचल खडे कुबेर ॥ विघ्न हरण मंगल करण, सुनो शरणागत की टेर । भक्त हेतु वितरण करो, धन माया के ढेर ॥ ॥ च...
श्री विष्णु चालीसा हिन्दी में ॥ दोहा॥ विष्णु सुनिए विनय सेवक की चितलाय । कीरत कुछ वर्णन करूं दीजै ज्ञान बताय । ॥ चौपाई ॥ नमो विष्णु भगवान खरारी । कष्ट नशावन अखिल बिहारी ॥ प्रबल जगत में शक्ति तुम्हारी ...
॥ श्री सूर्य देव चालीसा हिंदी में ॥ ॥ दोहा ॥ कनक बदन कुण्डल मकर, मुक्ता माला अङ्ग, पद्मासन स्थित ध्याइए, शंख चक्र के सङ्ग॥ ॥ चौपाई ॥ जय सविता जय जयति दिवाकर, सहस्त्रांशु सप्ताश्व तिमिरहर॥ भानु पतंग म...
श्री शनि देव की आरती हिन्दी में आरती कीजै नरसिंह कुंवर की । वेद विमल यश गाउँ मेरे प्रभुजी ॥ पहली आरती प्रह्लाद उबारे । हिरणाकुश नख उदर विदारे ॥ दुसरी आरती वामन सेवा । बल के द्वारे पधारे हरि देवा ॥ तीस...




